वज़्नी ज़ईफ़ी में भी जवाँ ये मलाल है ॥

उनसे जुदाई का ये पचहत्तरवाँ साल है ॥

इस सिन में और कुछ न रहे याद पर उनका ,

हर वक़्त जेह्नो दिल में बराबर ख़याल है ॥

( वज़्नी ज़ईफ़ी =भारी बुढ़ापा ,मलाल =दुःख ,सिन =उम्र )

-डॉ. हीरालाल प्रजापति


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