मर्ज़ इक तो लाइलाज़ उस पर ये तुर्रा कर्क है ॥

ज़िंदगी पूरी जहन्नुम , एक रौरव नर्क है ॥

फिर भी रोके है हमें तू ज़ह्र पीने से अरे ,

ख़ुदकुशी के वास्ते इस से बड़ा क्या तर्क है ?

( कर्क =कैंसर , रौरव =एक भयानक नर्क ,तर्क =दलील )

-डॉ. हीरालाल प्रजापति

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